रायपुर / छत्तीसगढ़ और आंध्र प्रदेश के बॉर्डर पर नक्सली और सुरक्षा बलों के बीच हुई मुठभेड़ में 1 करोड़ का इनामी दुर्दांत नक्सली हिडमा मारा गया उसके अलावा उसकी पत्नी राजो सहित 5 अन्य हार्ड कोर नक्सली भी ढेर हो गए है। हिडमा 76 भारतीय जवानों की हत्या सहित 26 बड़े नक्सली हमलों का मास्टर माइंड था। बस्तर आईजी सुंदराजन पी ने हिडमा के मारे जाने की पुष्टि की है। खास बात है गृहमंत्री अमित शाह की डेड लाइन से 12 दिन पहले ही सुरक्षा बलों ने हिडमा को ढेर कर दिया। जबकि आंध्र प्रदेश पुलिस ने एक एनकाउंटर में खूंखार नक्सली देवजी समेत 22 नक्सलियों को गिरफ्तार करने में सफलता अर्जित की है।
बताया जाता है यह मुठभेड़ आंध्र प्रदेश के अल्लूरी जिले के छत्तीसगढ़ और तेलंगाना से लगे माडेर मिल्ली के घने जंगल में मंगलवार सुबह हुई ,जिसमें 1 करोड़ का इनामी CCM माड़वी हिडमा उसकी पत्नी DKSZC मड़कम राजे उर्फ रजक्का और DCM लकमल PPCM कमलू DVCM मडगमराज और PPCM मल्ला ढेर हो गए। जंगल में सर्चिंग ऑपरेशन के दौरान हुई इस मुठभेड़ में 2 AK 47 गन, 1 पिस्टल, 1 रिवाल्वर 1 सिंगल बोर राइफल और 4 डेटोनेटर और भारी मात्रा में विस्फोटक भी बरामद हुआ है।
हिडमा पिछले दो दशक में हुए 26 से ज्यादा बड़े नक्सली हमलों का मास्टर माइंड था जिसमें 2010 में हुआ दंतेवाड़ा हमला भी शामिल है जिसमें 76 जवान शहीद हुए थे इसके अलावा 2013 का झीरम घाटी हमला 2020 का सुकमा -बीजापुर हमला इन सभी में हिड़मा की प्रमुख भूमिका थी।
हिडमा का जन्म छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में 1981 में हुआ था वह पीपुल्स लिबरेशन गुरिल्ला आर्मी की बटालियन का कमांडर (PCGA)और माओवादी सेंट्रल कमेटी (CCM) का सदस्य था उल्लेखनीय है कि वह बस्तर क्षेत्र से इस शीर्ष नेतृत्व में शामिल होने वाला इकलौता आदिवासी था।
बस्तर आईजी सुंदराजन पी ने बताया बीते दिनों से सुरक्षा बलों की नक्सलियों के साथ लगातार मुठभेड़ चल रही थी। छत्तीसगढ़ से लगे हुए आंध्र प्रदेश के बॉर्डर के जंगल में भारी संख्या में प्रमुख हार्डकोर नक्सली होने की जानकारी मिली थी जिसके बाद क्षेत्र में सर्चिंग ऑपरेशन जारी था घेराबंदी के लिए सुरक्षा बल स्थानीय पुलिस डीआरजी सीआरपीएफ बल जंगली क्षेत्र में मौजूद था इसी बीच नक्सलियों।की तरफ से फायरिंग हुई जबाव में सुरक्षा बलों ने भी चारों ओर से घेरते हुए नक्सलियों के गुट पर गोलीबारी शुरू कर दी थी।
इस सफलता के बाद मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अधिकारियों से बात कर पूरी जानकारी ली जबकि डिप्टी सीएम एवं गृहमंत्री विजय शर्मा गृहमंत्री अमित शाह के निर्देश पर वहां पहुंचे इस दौरान उन्होंने कहा नक्सलवाद का रास्ता कही नहीं जाता नक्सली हथियार छिड़कर मुख्य धारा में लौटे। जैसा कि गृहमंत्री अमित शाह ने नक्सलियों के खिलाफ चल रहे ऑपरेशन में 30 नवंबर की डेड लाइन अधिकारियों को दी थी लेकिन 13 दिन इसके ही हिडमा सहित 6 खूंखार नक्सली मारे गए।





